BHU Case – BHU प्रकरण के संदर्भ में – Short Poem on Bravery

BHU Case – Short Poem on Bravery BHU Case अबला नहीं तुम जान लो, फरियाद करना छोड़ दो, हक़ अगर कोई छिने तो, हाथ उसका तोड़ दो, जीतना है रण अगर तो, कूद जा मैदान में, खींच ले तलवार अपनी, जो पड़ी म्यान में, आँसुओं से भींग न अब, रक्त की गंगा बहा, देख टिकता

Haiku Poem – विरही नार – Poem on Women in Hindi

Haiku Poem – Poem on Women in Hindi Haiku Poem विरही नार, पिया का इंतजार, करे श्रृंगार। प्यासी आँख, काजल कर शांत, निहोरे राह। अँधेरी रात, चमकती बिंदिया, पिया की याद। झूमे झुमका, लाता हवा का झोंका, पिया सन्देश। बिखरे बाल, नथुनिया कमाल, गुलाबी गाल। माँग का टीका, पाँवों में पैजनियाँ, गले में हार। आ जा

Funny Poem Hindi – कहते हैं की – Poem on Joy in Hindi

Funny Poem Hindi – Poem on Joy in Hindi Funny Poem Hindi कहते हैं कि है सीना उनकी छप्पन इंच की, पानी को तोड़ने में उनकी दांत टूट गई। चीनी सामानें इस कदर बाजार में छाये, हर शख्स डाइबिटीज के मरीज हो गए। स्वच्छता अभियान का इतना पड़ा असर, नहाने लगे साबुन को भी साबुन से

Heart Touching Poem – किसान – Poem on Farmer in Hindi

Heart Touching Poem – Poem on Farmer in Hindi Heart Touching Poem वह दीवाना मिट्टी का, मिट्ठी ले मिट्टी का, आलिंगन कर मिट्टी का, विभोर होता, डाल देता बीज, निषेचन को, पनप जाते हैं पौधे, भरे दानों से, फिर अपनी पैदावार को, ले आता बाजार, निर्मोही सा, सौंप देता आपके हाथ, सज जाती है आपकी थाली,

Feeling Love poem – अहसास – Poem Feelings of Love

Feeling Love poem – Poem Feelings of Love Feeling Love poem शमां ऐसे जला यारों, के जगमग हो जाए जहां, अगर दीपक बुझे कोई, तो फिर एहसास भी न हो। छलकती आँख तो यारो, बयां कर जाती दर्द-ए-दिल, टपक न पायें आंसू तो, कहाँ एहसास कुछ भी हो! गगन में कितने हैं तारे, सजाते कितने सपनों

Journey Life Poem – छोड़ जाउँगा – Short Poem on Journey

Journey Life Poem – Short Poem on Journey Journey Life Poem चला हूँ हौसला लेकर नई दुनियाँ बसाने को, फ़क़त इंसान को लेकर, शैतानों छोड़ जाउँगा| अगर मुराद हो तेरी कि खाएं इमान की रोटी, फिर तुम भी चले आना, बेईमानों छोड़ जाउँगा| अमन के तुम पुजारी हो तो फिर तुम भी चले आना, मगर ए

Inspirational Poem – शंखनाद – Poem on Hope and Faith

Inspirational Poem – Poem on Hope and Faith Inspirational Poem चल बढ़ साथी! छोडो विलाप, जरा और जोड़ से फूंक मार, करदे अब तू यह शंखनाद, लाने को एक नया प्रभात| पत्थर पिघले न आँसू से, अधिकार मिले न भीख माँग, अब छोड़ आश किन्हीं औरों से, चल बढ़ आगे सीने को तान| शोषक को न

Feelings Poem – मतवाला – Poem Feelings of Life

Feelings Poem – Poem Feelings of Life Feelings Poem जीवन पथ के हर एक मोड़ पर, मिलती नित्य नव मधुशाला, सजे हुए प्यालों की पंगत, भरे हुए भिन्न-भिन्न रस के| प्रेम, घृणा के प्याले हैं, तो, साम, दाम, दण्ड, भेद के भी, काम, क्रोध, धन, मान के  प्याले, हरि, ईश, अल्ला के भी, हर पथिक की

Marriage Poem – परिणय – Poem on Marriage in Hindi

Marriage Poem – Poem on Marriage in Hindi Marriage Poem ध्येय नहीं परिणय का बस, तन से तन का मिलन ही हो, प्रेम प्रगाढ़ होती है जब, मन से मन का मिलन भी हो| राह अलग और चाह भिन्न तो, परिणय सूत्र की उम्र कहाँ? पल-पल घेरे शक का घेरा, निर्वहन तब सम्भव कहाँ? रह-रह

Unwanted Marriage – अनचाही विवाह – Poem on Marriage in Hindi

Unwanted Marriage – Funny Poem on Marriage Unwanted Marriage गई जवानी, रच गई, कहानी एक दुखांत, प्रेम परायी हो गई, मिली परायी प्रेम. सहज नहीं बिसारना, गुजरे संग क्षण-पल, जीना भी दुष्कर हुआ, रख सहेज उस कल. इस दलदल में जो फंसे, भूले बीते बात, व्यर्थ मनोरथ पालना, पुनर्मिलन की आश. चित्त चंचल मत कीजिए, अब

Virtue Poem – पुण्य का रस्ता – Short Poem on Charity in Hindi

Virtue Poem – Short Poem on Charity in Hindi Virtue Poem भक्तो की अपार भीड़, छोटे-बड़े हर मंदिर, किसी की पूर्ण कामना, किसी की कुछ याचना, पूरे विधि-विधान से, अन्य कर्म-कांड से, देव को रिझा रहे, पाप को बहा रहे, पूण्य का यह रस्ता, सुगम, सरल व सस्ता!

Funny Poem – कोई किसी को फेंकू बोले – Poem on Joy in Hindi

Funny Poem – Poem on Joy in Hindi Funny Poem कोई किसी को फेंकू बोले, कोई किसी को पप्पू, और कोई बन पेंडुलम डोले, कोई हुआ है लट्टू, जिसको ज्योंही मौका मिलता, खूब उछालें कीचड़, हुआ हुआ का सूर मिलाये, जैसे वन के गीदड़, फेंकू,पप्पू बना मदारी, डुगडुगी जब बजाता, फिर देखो कैसे बन्दर बन, लोग

Affliction Poem – वेदना – Poem on Suffering And Pain

Affliction Poem – Poem on Suffering And Pain Affliction Poem है असीम वेदना! नहीं कोई संवेदना, अपनों के दिए रोग हैं, किसी जनम के भोग हैं, इस दर्द की दवा कहाँ? जो फैल रहा कर्क(केंसर) सा, पड़े है मँझधार में, निगाह है तलाश में, अन्त किसने है रचा? मिली कहाँ से है सजा? धार बड़ी तेज

Youth Poem – नई पीढ़ी – Poem About Youth Today

Youth Poem – Poem About Youth and Age Youth Poem नई पीढ़ी पर, इल्जाम लगते आ रहे, पीढ़ी-दर-पीढ़ी से, कभी कुसंस्कारी का, तो कभी कुलकलंकित का, तिरस्कार तो तब और बढ़ जाता है, जब रचता है वह चक्रव्यूह, अपने हीं माँ-बाप के बिरुद्ध, घर निकासी का, शायद, हम भूल जाते हैं कि, पैदा होता है आज

Rumors Poem – बाजार गरम है – Poem About Gossip and Rumors

Rumors Poem – Poem About Gossip and Rumors Rumors Poem अफवाहों का बाजार गरम है, न जाने, कौन किसको कब, किसी चौराहे पर घेर ले, और फिर, करदे काम तमाम, बस इसलिए, सदा साथ रखता हूँ, टोपी और चन्दन, जब कभी घिरता हूँ, यही होता है मेरा अस्त्र, कभी टोपी तो कभी टिका लगा, बच

Bravery Poem – पुल – Short Poem on Bravery

Bravery Poem – Short Poem on Bravery Bravery Poem पुल है यह, अबलम्ब है, हर आघात को सहता, दो किनारों को जोड़ता, आज भी, अपने अस्थिपंजरो पर टिका, अंतिम सांस लेने से पहले, अंतिम मुसाफिर को, पार लगा देने को आतुर.

Eid Mubarak Poem – ईद मुबारक – Festival Poem in Hindi

Eid Mubarak Poem – Festival Poem in Hindi Eid Mubarak Poem ईद मुबारक उन बन्धु को, हमें भी जो बन्धु माने, राष्ट्र-प्रेम से ओतप्रोत जो, गद्दारों संग नहीं खड़े. ईद मुबारक उन बहनां को, जो नित्य राखी बांध रही, मोह छोड़ पत्थरवाजों से, रक्षक भाई के साथ खड़ी. ईद मुबारक उन अम्मीजान को, जिनकी नहीं

Father Poem in Hindi – Poem About Fathers Love

Father Poem in Hindi Father Poem प्रेरणा के स्रोत परम पूज्य पिताजी को समर्पित सजीव खिलौना ———- क्या सजीव खिलौना! सगे-सम्बंधी, मित्र-शत्रु, सबने खेला, जी भर कर खेला, बिना थके, अनवरत खेलाते, बिना बैट्री का खिलौना, क्या सजीव खिलौना! गजब की परख, हर एक का मन, बहलाने की सनक, खेल सके सब ताकि, अपने मन

Gratitude Poem – शुक्रगुजार – Poem in Hindi Language

Gratitude Poem – Father Poem in Hindi Gratitude Poem देने को कहाँ कुछ अब! श्रधांजली के सिबा, लेने को आज भी बहुत कुछ, जो जीवनपर्यंत वे देते रहे, और आज भी एक आदर्श बन, जीवन की राह दिखा रहे, बन खुद फ़कीर, कैसे बदले मेरी लकीर, इसी फ़िक्र में धूनी रमाते, हर एक काँटों को चूनते,

Poem Mother – रहस्यमयी माँ – Poem on Mother in Hindi

Poem Mother – Poem on Mother Love Poem Mother नदी किनारे देख भीड़, कदम ठहर गये, न जाने कितनी आशंकाएं, मन में उपज गयी, कौतूहलवस समीप पहुँचा, भीड़ में शामिल हर लोग, दुत्कार रहे थे, एक माँ को, जो बेरहमी से पिटे जा रही थी, अपनी हीं संतान को, माँ की ममता पर, अनगिनत सवाल